कभी-कभी इस दिल में इक कसक सी होती है
सब कुछ है फिर भी इक कमी सी होती है
चारो तरफ है फैला ढेर-सा उजाला
उजाले में एक किरण अँधेरे को पिरोती है....
बहुत है खूबसूरत इस जिंदगी का सफ़र
हर सफ़र की फिर भी एक मंजिल होती है
वही मंजिल खोजनी है, बस वही तक जाना है
पर किस तरह संजोये उन्हें ख्यालों में जो मोती हैं....
पर किस तरह संजोये उन्हें ख्यालों में जो मोती हैं....